ATM कार्ड पर बैंक से फ्री मिलता है 5 लाख का बीमा जानिए नियम
स्वचालित गणक मशीन को आटोमेटिक बैंकिंग मशीन, कैश पाइंट, होल इन द वाल, बैंनकोमैट जैसे नामों से यूरोप, अमेरिका व रूस आदि में जाना जाता है।
यह मशीन एक ऐसा दूरसंचार नियंत्रक और निजीकृत उपकरण है जो ग्राहकों को वित्तीय हस्तांतरण से जुड़ी सेवाओं को उपलब्ध कराने के लिए है।
आज के समय में देश भर में बड़ी संख्या में लोग एटीएम कार्ड का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन ज्यादातर लोगों को इसके छिपे हुए फायदे की पूरी जानकारी नहीं होती है जैसे कि लोग एटीएम की खबरें स्कीम के बारे में नहीं जानते हैं। आज के समयवेयर होना बहुत ही आवश्यक है क्योंकि देश में आज तक बहुत से ठगने के मामले सामने आ रहे हैं जो कि नए नए तरीकों से किए जाते हैं।
बैंक में खाता खोलने और एटीएम जारी होते ही बीमा पालिसी ग्राहक पर लागू हो जाती है बैंक अपनी तरफ से ही बीमा कर आता है हर बैंक की मुआवजे की राशि अलग-अलग होती है बैंक बीमा की राशि का क्लेम न देने की वजह से इस योजना का प्रचार प्रसार खुद नहीं करता है।
क्लासिक कार्ड -1 लाख
प्लैटिनम कार्ड -2 लाख
मास्टरकार्ड -50 हजार
मास्टर रक्षक प्लैटिनम कार्ड -5 लाख
रुपे कार्ड -2 लाख
दुर्घटना बीमा में मुआवजा मिलने की प्रक्रिया
यदि किसी एटीएम धारक की किसी दुर्घटना में मौत हो जाती है तो उसके परिवार के सदस्यों को 2 से 5 महीने के अंदर उस सास के खाते की बैंक ब्रांच में जाना होगा एवं मुआवजे को लेकर एप्लीकेशन देनी होगी। यदि आपका खाता किसी एक बैंक में ही है या फिर उसकी दूसरी ब्रांच में भी है तो मुआवजा आपको एक एटीएम पर ही मिलेगा जिससे पैसे का ट्रांसफर हो रहा हो मौजा देने से पहले बैंक यह जानकारी लेगा कि उस एटीएम से पिछले 45 दिन में किसी तरह का ट्रांसफर हुआ है या नहीं।



No comments